₹225.00
MRPGenre
Literature
Print Length
120 pages
Language
Hindi
Publisher
Rajpal & Sons
Publication date
1 January 1997
ISBN
9788170287315
विष्णुभट्ट गोडशे द्वारा लिखा 1857 के स्वतंत्रता संग्राम का एकमात्र आँखों देखा विवरण और प्रसिद्ध हिन्दी कथाकार अमृतलाल नागर का उतना ही सरल और सटीक अनुवाद। पुस्तक की घटनाएं चित्रपट की तरह एक सूत्र में बंधी हुई आगे बढ़ती हैं। हर दृश्य, हर घटना का वर्णन इतना मार्मिक, रोमाचंक और जीवंत है कि पाठक उसमें आकंठ डूब जाता है।
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